दिल्ली उच्च न्यायालय में सात नए जजों ने पद की शपथ ली है।हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय ने उच्च न्यायालय परिसर में आयोजित समारोह में इन सभी नए जजों को शपथ दिलाई।इन सात नई नियुक्तियों के बाद दिल्ली उच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की कुल संख्या बढ़कर 50 हो गई है।

दिल्ली उच्च न्यायालय में सात नए जजों ने पद की शपथ ली है।हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय ने उच्च न्यायालय परिसर में आयोजित समारोह में इन सभी नए जजों को शपथ दिलाई।इन सात नई नियुक्तियों के बाद दिल्ली उच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की कुल संख्या बढ़कर 50 हो गई है।

दिल्ली हाईकोर्ट के कुल स्वीकृत पद 60 हैं, जिसके बाद अब अदालत में 10 पद रिक्त हैं।नवनियुक्त न्यायाधीशों के नामशपथ लेने वाले सात न्यायिक अधिकारी दिल्ली की जिला अदालतों से हैं। इनमें निवेदिता अनिल शर्मा (स्थायी जज), निशा सहाय सक्सेना (स्थायी जज), संजय शर्मा (अतिरिक्त जज), भरत पाराशर (अतिरिक्त जज), डॉ. अदिति चौधरी (अतिरिक्त जज), दिनेश भट्ट (अतिरिक्त जज), अरुण भारद्वाज (अतिरिक्त जज),
इनमें जस्टिस निवेदिता अनिल शर्मा और जस्टिस निशा सहाय सक्सेना ने अंग्रेजी में शपथ ली, जबकि अन्य पांच जजों ने हिंदी में पद की शपथ ली।

 

मद्रास हाईकोर्ट ने एक तलाक के मामले में अहम टिप्पणी करते हुए कहा कि पत्नी से यह उम्मीद नहीं की जा सकती कि वह पति के पीछे वोडाफोन के विज्ञापन वाले ‘पग डॉग’ की तरह हर जगह चले। नौकरी या किसी दूसरी वजह से पति जहां जाए, पत्नी का हर बार उसके साथ जाना जरूरी नहीं है।

 

देश के चार हाईकोर्टों में 30 नए जजों की नियुक्ति में 20 एडवोकेट और 10 जज जिला अदालतों से प्रमोशन पाकर शामिल हुए हैं। इन जजों की नियुक्ति मद्रास हाईकोर्ट, कलकत्ता हाईकोर्ट, कर्नाटक हाईकोर्ट और मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में हुई है। सबसे अधिक 15 नियुक्तियां मद्रास हाईकोर्ट में हुई हैं।

 

सुप्रीम कोर्ट ने उग्र प्रदर्शन के दौरान पेलेट गन के इस्तेमाल पर रोक की मांग को अव्यवहारिक बताया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन भी हिंसक रूप ले सकता है, ऐसे में पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों को हालात के अनुसार प्रतिक्रिया देनी होती है। दिल्ली में 'संसद चलो' प्रदर्शन के दौरान रैपिड एक्शन फोर्स की तरफ से पेलेट गन के इस्तेमाल के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने यह कहा।

 

राम मंदिर दान में गबन को लेकर अयोध्या की फैजाबाद बार एसोसिएशन ने बड़ा फैसला लेते हुए आरोपियों के लिए वकालत करने से इनकार कर दिया है। वहीं, सुप्रीम कोर्ट ने इस घोटाले की CBI जांच कराने की मांग वाली याचिका को गर्मियों की छुट्टियों के बाद सुनवाई करने की बात कही है।

 

साइबर क्राइम में ठगी के बढ़ते मामलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख दिखाया है, चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने साइबर क्राइम में धोखाधड़ी के मामले में आरोपी की जमानत याचिका खारिज करते हुए कहा कि साइबर अपराध समाज के लिए बड़ा खतरा बन चुके हैं। सुप्रीम कोर्ट का मानना है कि ऐसे मामलों में सख्ती करने की जरूरत है ताकि लोगों का भरोसा बना रहे और अपराधियों को हौसला न मिले।

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सूचना का अधिकार (RTI) कार्यकर्ता बनना अब एक नया व्यवसाय बन गया है। यह टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट ने एक RTI कार्यकर्ता और अन्य आरोपियों को अग्रिम जमानत देने से इनकार करते हुए की, जिन पर सड़क निर्माण कार्य में सरकारी कर्मचारी के काम में बाधा डालने का आरोप था।

 

चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने सुप्रीम कोर्ट में पांच नए जजों को शपथ दिलाई। इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़कर 37 हो गई है और अब केवल एक पद रिक्त है। गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट में वरिष्ठ वकील वेंकिता सुब्रमणि मोहना सुप्रीम कोर्ट बार से सीधे सुप्रीम कोर्ट की जज बनने वाली देश की दूसरी महिला हैं।

 

सुप्रीम कोर्ट ने ऑनलाइन गेमिंग पर लगने वाले जीएसटी को सही ठहराया है, सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि भले ही खेल दिमाग का हो या फिर किस्मत का, अगर पैसा दांव पर लगाया जाता है तो उस पर जीएसटी लगेगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सट्टेबाजी और जुए में लगे लेन-देन टैक्स के दायरे में आते हैं और उस पर GST देना ही होगी। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने उन सभी याचिकाओं को खारिज कर दिया, जो सट्टेबाजी वाले ऐसे प्लेटफॉर्म्स पर जीएसटी लगाने के खिलाफ दायर की गई थीं।

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